भारतीय पूंजी बाजार ने एक और ऐतिहासिक लम्हा देखा है। रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल और दूरसंचार इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को निवेशकों का अभूतपूर्व समर्थन मिला है। शुक्रवार को इश्यू बंद होने तक यह निर्गम 22.19 गुना सब्सक्राइब हो चुका था, जिसने घरेलू शेयर बाजार में मांग के कई पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए।
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रिकॉर्ड बिडिंग: 7.4 लाख करोड़ रुपये से अधिक की मांग
शेयर बाजार के ताजा आंकड़ों के अनुसार, सार्वजनिक निर्गम और एंकर निवेशकों की बोलियों को मिलाकर इस आईपीओ में कुल 7.4 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की बिडिंग आई है। इतनी बड़ी रकम का आना इस बात का संकेत है कि घरेलू और संस्थागत निवेशक दोनों ही जियो प्लेटफॉर्म्स के कारोबारी भविष्य को लेकर बेहद आशावादी हैं। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इतने बड़े आकार के इश्यू पर इस स्तर की मांग भारतीय पूंजी बाजार की गहराई और निवेशकों के भरोसे को दर्शाती है।
1.39 करोड़ आवेदन — रिटेल निवेशकों का जबरदस्त उत्साह
इस आईपीओ की सबसे खास बात रही आम निवेशकों की भागीदारी। करीब 1.39 करोड़ लोगों ने इस इश्यू में आवेदन किया, जो भारतीय शेयर बाजार के इतिहास में किसी भी आईपीओ के लिए एक नया कीर्तिमान है। इतनी बड़ी संख्या में रिटेल आवेदन इस बात की गवाही देते हैं कि जियो ब्रांड आम भारतीय निवेशक के बीच कितना लोकप्रिय है।
रिलायंस की डिजिटल ताकत का प्रतीक
जियो प्लेटफॉर्म्स रिलायंस इंडस्ट्रीज की वह इकाई है जो देश के डिजिटल और दूरसंचार कारोबार की कमान संभालती है। पिछले एक दशक में जियो ने भारत में डेटा क्रांति की अगुवाई की है और आज उसके पास करोड़ों ग्राहक हैं। बाजार विश्लेषकों के मुताबिक, आईपीओ में मिली यह जबरदस्त प्रतिक्रिया कंपनी के डिजिटल इकोसिस्टम — टेलीकॉम, डिजिटल सेवाओं और तकनीकी नवाचार — में निवेशकों के विश्वास को दर्शाती है।
अब सबकी नजरें लिस्टिंग पर
इतने शानदार सब्सक्रिप्शन के बाद अब निवेशकों की नजरें शेयरों की लिस्टिंग पर टिकी हैं। बाजार में इस बात की चर्चा है कि लिस्टिंग के दिन शेयर किस भाव पर खुलते हैं। जो भी हो, एक बात तय है — जियो प्लेटफॉर्म्स का यह आईपीओ भारतीय शेयर बाजार के इतिहास में लंबे समय तक याद रखा जाएगा।

