त्योहारों के मौसम में सोना खरीदने की सोच रहे लोगों के लिए गुरुवार की सुबह मिलीजुली खबर लेकर आई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में तेजी दिखी, और इसका असर घरेलू वायदा बाजार पर भी पड़ा। सुबह के कारोबार में एमसीएक्स पर सोने का भाव ऊपर चढ़ा, जबकि बड़े शहरों में 24 कैरेट सोने का भाव करीब-करीब एक जैसा रहा। चांदी की कीमतों में भी बढ़त दर्ज की गई।


अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने-चांदी की चाल
गुरुवार सुबह 5:45 बजे तक अंतरराष्ट्रीय हाजिर बाजार में सोने की कीमत 0.8 फीसदी यानी 32.4 डॉलर बढ़कर 4,137.22 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई। चांदी की कीमत में भी 0.7 फीसदी की बढ़त दिखी और यह 56.0430 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी। इससे ठीक पहले वाले कारोबारी सत्र में सोने की कीमतों में एक फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई थी। अमेरिका में महंगाई के आंकड़े उम्मीद से ज्यादा मजबूत आने के बाद इस महीने अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की ओर से ब्याज दरें बढ़ाए जाने की संभावना बढ़ गई थी, और इसी वजह से सोने पर दबाव बना था।
एमसीएक्स पर सोने का वायदा भाव
घरेलू बाजार में भी सुबह तेजी का रुख रहा। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सुबह करीब 10 बजे 4 दिसंबर एक्सपायरी वाला सोने का वायदा अनुबंध 1,628 रुपये यानी 1.12 फीसदी महंगा होकर 1,47,476 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। इससे पिछले दिन यानी 14 अक्टूबर को एमसीएक्स पर सोने का वायदा भाव 1,45,850 रुपये प्रति 10 ग्राम पर और चांदी का वायदा भाव 2,07,990 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुआ था।
बड़े शहरों में सोने का आज का भाव
15 अक्टूबर 2026 को दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 14,841 रुपये प्रति एक ग्राम रही। मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद और कोलकाता में 24 कैरेट सोने का भाव 14,826 रुपये प्रति एक ग्राम दर्ज किया गया। शहरों के बीच मामूली अंतर स्थानीय शुल्कों और बाजार की स्थितियों की वजह से होता है, इसलिए खरीदारी से पहले अपने शहर के ज्वेलर से ताजा भाव जरूर जांच लें।
तेजी के पीछे क्या वजह है
सोने की कीमतों में तेजी की एक बड़ी वजह अमेरिकी डॉलर में कमजोरी और अमेरिकी सरकारी बॉन्ड की यील्ड में गिरावट रही। आमतौर पर जब डॉलर कमजोर होता है, तो दूसरे देशों के खरीदारों के लिए सोना खरीदना सस्ता हो जाता है, जिससे मांग को सहारा मिलता है। कमजोर डॉलर और घटती बॉन्ड यील्ड ने सोने को सपोर्ट दिया। हालांकि, सोने की कीमतों में तेजी की कोई गारंटी नहीं होती। डॉलर में दोबारा मजबूती या ब्याज दरों में बढ़ोतरी की आशंका से कीमतों पर दबाव भी आ सकता है, इसलिए बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ है।
खरीदारों के लिए सलाह
नवरात्रि जैसे त्योहारी समय में सोने की मांग आमतौर पर बढ़ जाती है, लेकिन कीमतें रोज बदलती हैं। गहने खरीदते समय मेकिंग चार्ज, जीएसटी और हॉलमार्क जैसे खर्चों को भी ध्यान में रखें, क्योंकि ये कुल बिल को बढ़ा देते हैं। भाव की पुष्टि भरोसेमंद ज्वेलर या आधिकारिक स्रोत से करें और जल्दबाजी में फैसला लेने से बचें।
स्रोत: ईटी नाउ स्वदेश, 15 अक्टूबर 2026। यह लेख केवल जानकारी के लिए है, निवेश सलाह नहीं।


