मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग के मामले में एक और बड़ी कामयाबी हासिल की है। शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को मुंबई पुलिस की टीम ने मध्य प्रदेश के इंदौर से 22 साल के प्रांजल ठाकरान को हिरासत में लिया। इस गिरफ्तारी के साथ इस मामले में अब तक पकड़े गए संदिग्धों की संख्या 11 हो गई है। मुंबई पुलिस और इंदौर पुलिस की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की।

मोबाइल लोकेशन से इंदौर तक पहुंची पुलिस
जांच के दौरान मुंबई पुलिस को प्रांजल के बारे में अहम जानकारी मिली थी। पुलिस उसकी मोबाइल लोकेशन पर नजर रख रही थी। शनिवार को जब उसकी लोकेशन इंदौर में मिली, तो मुंबई पुलिस की टीम तुरंत इंदौर पहुंची। इसके बाद मुंबई और इंदौर पुलिस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए उसे पकड़ लिया। पुलिस को संदेह है कि प्रांजल का फायरिंग करने वाले शूटर से संपर्क था।
शूटर से संपर्क की जांच जारी
गिरफ्तारी के बाद मुंबई पुलिस और इंदौर क्राइम ब्रांच की टीम प्रांजल से पूछताछ कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश हो रही है कि वह शूटर के संपर्क में कब और किस माध्यम से आया, फायरिंग से पहले या बाद में उसकी क्या भूमिका रही और क्या उसने किसी तरह की मदद पहुंचाई थी। पुलिस उसके मोबाइल फोन और संपर्कों से जुड़े तथ्यों की भी पड़ताल कर रही है। फिलहाल फायरिंग की साजिश में उसकी असली भूमिका क्या थी, यह पूछताछ और जांच के बाद ही साफ हो सकेगा।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रांजल मूल रूप से हरियाणा के सोनीपत का रहने वाला है। वह करीब पांच दिन पहले अपने लकवाग्रस्त भाई के इलाज के सिलसिले में इंदौर आया था। उसे ट्रांजिट रिमांड पर मुंबई ले जाया जा रहा है, जहां उससे विस्तार से पूछताछ होगी। इंदौर के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राजेश डंडोतिया ने इस गिरफ्तारी की पुष्टि की है।
18 अक्टूबर की फायरिंग से अब तक का घटनाक्रम
गौरतलब है कि 18 अक्टूबर की शाम मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग हुई थी। मोटरसाइकिल पर आए कम से कम दो लोगों ने कार पर गोलियां चलाई थीं। इस हमले में अभिनेता को गंभीर चोट नहीं आई थी, लेकिन उनके ड्राइवर और एक राहगीर घायल हो गए थे। हमले के अगले ही दिन राजस्थान के कोटा जंक्शन से तीन संदिग्ध शूटरों को गिरफ्तार कर लिया गया था। आरोप है कि ये तीनों जयपुर और दिल्ली होते हुए नेपाल भागने की फिराक में थे।
इसी बीच गुजरात के सूरत से पुलिस ने दो हथियार और 10 जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं। बताया जा रहा है कि इनमें से एक पिस्तौल वही है, जिसका इस्तेमाल फायरिंग में किया गया था। कुछ रिपोर्टों में इस मामले में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े नेटवर्क की मदद का संदेह भी जताया गया है। हालांकि, इन सभी बिंदुओं पर जांच अभी जारी है। खबरों के अनुसार, अभिनेता का बयान अभी दर्ज नहीं हो पाया है, क्योंकि वह हमले के बाद सदमे में हैं।
आगे क्या होगा
इंदौर से हुई ताजा गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों को इस नेटवर्क की और कड़ियां जोड़ने में मदद मिलने की उम्मीद है। प्रांजल से पूछताछ के बाद यह साफ होगा कि फायरिंग की साजिश में उसकी भूमिका कितनी गहरी थी और क्या इस नेटवर्क से जुड़े और लोग भी हैं। मुंबई पुलिस इस मामले में जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी जारी रखे हुए है।

