इंदौर। मध्य प्रदेश में तकनीकी और रोजगार क्षेत्र को नई दिशा देने वाली एक बड़ी पहल इंदौर से शुरू होने जा रही है। शहर में एक आधुनिक AI प्रोडक्शन स्टूडियो स्थापित किया जाएगा, जो मेटा विजुअल्स ब्रांड के तहत काम करेगा। इस स्टूडियो में युवाओं को आधुनिक डिजिटल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।

सेमी समिट के दौरान मिली सरकारी मंजूरी
25 अक्टूबर 2026 को एमपी सेमी समिट के दौरान मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में इस परियोजना को सरकारी मंजूरी मिली। यह पहल इक्ष्वाकु मीडिया प्राइवेट लिमिटेड के मेटा विजुअल्स ब्रांड के अंतर्गत शुरू होगी। इसका उद्देश्य राज्य सरकार की AVGC-XR नीति के तहत एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग, कॉमिक्स और एक्सटेंडेड रियलिटी के क्षेत्र में युवाओं को प्रशिक्षित करना है।
आईटी पार्क-4 में 10,000 वर्ग फीट में बनेगा स्टूडियो
यह स्टूडियो इंदौर के इलेक्ट्रॉनिक्स कॉम्प्लेक्स के आईटी पार्क-4 में लगभग 10,000 वर्ग फीट के क्षेत्र में विकसित किया जाएगा। इसकी स्थापना से शहर में तकनीकी उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। स्किलिंग सेंटर का संचालन अगले 3 से 4 महीनों में शुरू करने की योजना है, जिससे जल्द ही प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हो सकेंगे।
पहले चरण में 200 युवा, तीन साल में 15,000 को ट्रेनिंग
AI प्रोडक्शन स्टूडियो के तहत प्रथम चरण में लगभग 200 युवाओं को प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, अगले तीन वर्षों में 15,000 युवाओं को AI-आधारित प्रोफेशनल ट्रेनिंग देने का लक्ष्य रखा गया है। यह पहल युवाओं को डिजिटल मीडिया और AI तकनीकों में दक्ष बनाएगी, जिससे वे स्थानीय ही नहीं, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी रोजगार के अवसर पा सकेंगे।
जेनेरेटिव AI से लेकर वेब सीरीज तक की ट्रेनिंग
इस सेंटर में जेनेरेटिव AI, AI-VFX, कंटेंट प्रोडक्शन, वेब सीरीज, माइक्रो ड्रामा, एड फिल्म्स और डिजिटल मीडिया से जुड़ी आधुनिक तकनीकों की ट्रेनिंग दी जाएगी। इस परियोजना के सह-संस्थापक सोमिल जैन और अंकित कुशवाह इस पहल के प्रमुख नेतृत्वकर्ता हैं। उन्होंने डिजिटल मीडिया क्षेत्र में अपने अनुभव का उपयोग करते हुए इस स्टूडियो को सफल बनाने की योजना बनाई है।
दरअसल, यह पहल मध्य प्रदेश सरकार की AVGC-XR नीति का एक हिस्सा है, जो राज्य में डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री को विकसित करने पर केंद्रित है। इंदौर में AI प्रोडक्शन स्टूडियो की स्थापना से न केवल युवाओं को रोजगार मिलेगा बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था में भी सुधार होगा। इससे तकनीकी क्षेत्र में निवेश आकर्षित होगा और मध्य प्रदेश एक डिजिटल हब के रूप में उभरेगा।

