मध्य प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए त्योहारों से पहले राहत भरी खबर आई है। राज्य सरकार ने कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में दो प्रतिशत की बढ़ोतरी का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को सोशल मीडिया के माध्यम से इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार कर्मचारियों और पेंशनर्स के हितों के साथ हमेशा खड़ी है।

जनवरी 2026 से मिलेगा बढ़ा हुआ भत्ता
बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता जनवरी 2026 से देय होगा। इसका मतलब यह है कि कर्मचारियों को जनवरी से ही बढ़ी हुई दर का लाभ मिलेगा। जनवरी से सितंबर 2026 तक के नौ महीने के एरियर का भुगतान तीन समान मासिक किस्तों में किया जाएगा। अक्टूबर महीने के वेतन से, जो नवंबर में मिलेगा, कर्मचारियों को बढ़े हुए महंगाई भत्ते का नकद लाभ मिलने लगेगा। इस फैसले से प्रदेश के लाखों सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को सीधी राहत मिलेगी।
पेंशनर्स की महंगाई राहत भी दो प्रतिशत बढ़ी
सरकार ने पेंशनर्स को भी इस फैसले में शामिल किया है। पेंशनर्स की महंगाई राहत में जुलाई 2026 से दो प्रतिशत की वृद्धि की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि पेंशनर्स और कर्मचारियों के हितों में सरकार सदैव साथ खड़ी है। पेंशनर्स के लिए यह बढ़ोतरी भी उसी तरह लागू होगी, जिससे सेवानिवृत्त कर्मचारियों की मासिक आय में कुछ बढ़ोतरी होगी।
केंद्र और राज्य के भत्ते में अब भी तीन प्रतिशत का अंतर
इस बढ़ोतरी के बाद मध्य प्रदेश के कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 58 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत हो जाएगा। केंद्र सरकार ने गुरुवार को अपने कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की वृद्धि की थी, जिसके बाद केंद्रीय कर्मचारियों का भत्ता 63 प्रतिशत हो गया है। इस तरह केंद्र और राज्य के कर्मचारियों के बीच तीन प्रतिशत का अंतर बना रहेगा। फिर भी, राज्य सरकार के इस फैसले को कर्मचारियों के लिए त्योहारों से पहले एक बड़े तोहफे के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि एरियर की किस्तों और नकद भुगतान से उनके हाथ में आने वाली राशि बढ़ेगी।

